जिले में 33 कोरोना संक्रमित वाले दस क्षेत्रों को हॉटस्पॉट घोषित किया गया था। जिसमें 22 मरीज स्वस्थ्य होकर अपने घरों को वापस लौट भी आए हैं। डब्लूएचओ की गाइडलाइन के अनुसार जोया विकास खंड के कालाखेड़ा, रजबपुर, फत्तेहपुर माफी और गजरौला के लक्ष्मीनगर हॉस्टस्पॉट को ग्रीन श्रेणी में तब्दील कर दिया है। जबकि अमरोहा नगर समेत छह क्षेत्रों को ग्रीन श्रेणी में होने का इंतजार है। जिले में अभी तक 33 कोरोना पॉजिटिव केस मिल चुके हैं। जिसमें से सर्वाधित 15 केस अमरोहा नगर के हैं। जबकि अन्य 18 केस विकास खंड जोया, धनौरा और नौगावां सादात के हैं। जिसमें प्रशासन ने कोरोना संक्रमित सभी 10 क्षेत्रों को हॉटस्पॉट बनाया है। जिसमें जोया की जामा मस्जिद, फत्तेहपुर माफी, रजबपुर, कालाखेड़ा, रायपुर खुर्द, गजरौला नौगावां, धनौरा का बछरायू, और अमरोहा हॉटस्पॉट क्षेत्र में बेरिकेङ्क्षडग कर किसी के आवागमन पर प्रतिबंध लगा है और सभी रेडजॉन में थे। विश्व स्वास्थ्य संगठन की गाइड लाइन के अनुसार मरीज के भर्ती होने के बाद से जहां 14 दिन तक कोई नया केस नहीं मिलता तो वह हॉटस्पॉट क्षेत्र आरेंज श्रेणी में तब्दील हो जाता है। अगर 21 दिन तक कोई नया मरीज नहीं मिलता है तो वह ग्रीन में तब्दील कर दिया जाता है। जिससे वहां की जनता पहले तरह घरों से निकल सकती है। जिसमें प्रशासन ने 21 दिन तक कोई नया मरीज नहीं मिलने पर गजरौला, फत्तेहपुर माफी, रजबपुर, कालाखेड़ा हॉटस्पॉट क्षेत्र ग्रीन में तब्दील हो चुके हैं। जिससे वहां के लोग अब पहले की तरह रोजमर्रा की तरह ङ्क्षजदगी व्यतीत कर रहे हैं। राजपुर खुर्द और जामा मस्जिद आरेंज श्रेणी में तब्दील हो गई है। जबकि अमरोहा, बछरायू, पपसरा बंगर और नौगावां सादात अभी रेड जॉन में हैं। हालांकि अमरोहा नगर में 24 के बाद से अभी कोई नया केस सामने नहीं आया है। नियमानुसार नगर अमरोहा आरेंज श्रेणी में तब्दील होना चाहिए, लेकिन सीएमओ डॉ. मेघ ङ्क्षसह का कहना है कि अभी विश्व स्वास्थ्य संगठन ने टेली कर रिपोर्ट नहीं सौंपी है। जिसकी वजह से इस आरेंज जोन में तब्दील नहीं किया है।हॉटस्पॉट क्षेत्र कलर की श्रेणी
गजरौला-लक्ष्मीनगर ग्रीन
फत्तेहपुर माफी ,,
रजबपुर ,,
कालाखेड़ा ,,
जामा मस्जिद जोया आरेंज
रायपुर खुर्द ,,
अमरोहा नगर रेड जॉन
बछरायूं ,,
पपसरा बांगर ,,
नौगावां सादात